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हथियारों के होड़ को रोके.

दोस्तों हथियारों का सबसे  प्राचीन साक्ष्य सिंधु सभ्यता में देखने को मिलता है, उस समय कुल्हाड़ी पत्थर के हथियार प्रयोग किये जाते थे. जैसे जैसे दुनिया में विकास का रास्ता बना, उसी प्रक्रिया में अनेक प्रकार के हथियारों का जन्म हुआ.
आधुनिक शासन व्यवस्था में हथियारों का बड़ा महत्व है. आज दुनिया में बड़े देश अमेरिका, फ्रांस, रूस, ग्रेट ब्रिटेन,  चीन, भारत, इजराइल, पाकिस्तान, ईरान, सऊदी अरब, ब्राजील, जर्मनी, इटली, आस्ट्रेलिया, जापान, उ कोरिया, दक्षिण कोरिया, लगभग सभी विकसित एवं मजबूत देश हथियार के होड़ में शामिल है. 

हथियार दो प्रकार के होते है.
1–सामान्य हथियार -इसमें सामान्य हथियार राइफल, सामान्य गोला बारूद, बन्दूक, पिस्टल, रिवाल्वर,  आदि.
2–विनाशकारी हथियार -ये वे हथियार होते है जिनसे धरती पर विनाश ही विनाश होता है. जैसे रासायनिक हथियार, एटम बम, आदि.

आधुनिक विश्व व्यवस्था में सामान्य प्रशासन चलाने के लिये कुछ सामान्य हथियारों की जरूरत पडती है. आज विश्व में सयुंक्त राष्ट्र संघ  है. विनाशकारी हथियारों को रोकने के लिये सभी देशों को मिलकर प्रयास करना होगा.
जापान के हिरोशिमा, नागासाकी में 1945ई जो हुआ वह काफी दुःखद था. अमेरिका ने सबसे बेहतरीन यह किया कि जापान की हर तरीके से सहायता किया. अतीत में सबसे गलती होती है.

मै जापान एवं अमेरिका को धन्यवाद देता हूँ कि दोनों ने 1945की परिस्थितियों को बेहतरीन तरीके से सभाला. विश्व मानवता के लिये एक जुट होकर कार्य करने के लिये राजी हुए. विनाशकारी हथियार दुनिया के किसी कोने में हो,, संसार के सभी जिम्मेदार देश मिलकर हथियारों के होड़ को रोके.
क्योंकि विनाशकारी हथियारों से विश्व मानवता का कल्याण नहीं होगा,बल्कि इससे हथियारों की होड़ बढ़ेगी. पूरे संसार का नुकसान होगा.
मुख्यता अमेरिका, भारत, चीन, जापान, फ्रांस, ब्रिटेन, रूस, सबको मिलकर दुनिया के रक्षा के लिये एकजुट होना होगा.
सयुंक्त राष्ट्र की स्थापना का लक्ष्य तभी पूरा होगा.
दोस्तों कमेन्ट और शेयर जरूर करें. थैंक्स. 

Adesh Kumar Singh
Adesh Kumar Singh
I am adesh kumar singh, my education post graduate in sociology. My life target? What is the gole of life. My blogs www. thesocialduty.Com, my research only social issu, My phone nu mber-9795205824,my email-adeshkumarsingh93@gmail. com
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