Socialduty

African development and society.

African  development  and society. —, अफ्रीका महाद्वीप में संसाधन बहुत प्राचुर मात्रा में है. उत्तर में मिस्र तथा दक्षिण में दक्षिण अफ्रीका स्थित है. प्रश्न यह है कि क्यों अफ्रीका महाद्वीप का विकास व्यवस्थित रूप से नहीं हो रहा है. दुनिया बदली समाज बदला संसार के कोने कोने में परिवर्तन हो रहे है. अफ्रीका महाद्वीप का विकास दुनिया के तीव्र  विकास के साथ साथ नहीं हो रहा है. इसका मूल कारण है दुनिया के साथ अफ्रीका का जुड़ाव उचित तरीके से नहीं हो पा रहा है.

इस महाद्वीप पर वह सब कुछ है जो विकास के लिये आवश्यक है. यह अध्धयन का विषय है कि अफ्रीका में आधुनिक तकनीक का अभाव क्यों है.?

अफ्रीका में  अनेक जनजातियां पायी जाती है सहारा का रेगिस्तान यही पाया जाता है. मिस्र की पिरामिड, मम्मी का अस्तित्त्व इसी महाद्वीप पर है. दुनिया के हर क्षेत्र में विकास हो रहा है.

अफ्रीका के अनेक देश में गृह युद्ध जैसे हालात है. इस तथ्य को हम सब को समझना चाहिये क्योंकि इस प्रकार के वातावरण में प्रत्यक्ष बिदेशी निवेश प्रभावित होता है. जिससे अनेक देशों के अर्थव्यवस्था पर नकारात्मक असर पड़ता है.

अफ्रीका महाद्वीप कैसे आगे बढ़े  —-
1-शिक्षा की  गुणवत्ता का सुधार किया जाय.
2-तकनीक की पहुंच अफ्रीका के आम जन तक पहुंचाया जाय.
3-अर्थव्यवस्था से जुड़ी योजनाओं को पारदर्शी बनाया जाय.
4-मानव के मानसिक विकास पर ध्यान दिया जाय.
5-भौगोलिक पर्यावरण को संरक्षित करते हुए कारखाने लगाए जाय.
6-जनसंख्या नियंत्रण के आधुनिक सुलभ उपायों को आमजन तक पहुंचाया जाय.
7-समग्र अफ्रीका महाद्वीप के विकास के लिये एक योजना बनायीं जाय.
8-जल संकट लगभग 60% अफ्रीका के देशों की समस्या है. यहाँ तक कि दक्षिण अफ्रीका के आधे शहर 2040तक जल संकट से ग्रस्त हो जाएंगे.
9-महिलाओं एवं बच्चियों का यौन उत्पीड़न रोकने के लिये कानून बने.
10-अफ्रीका के हर देश को अपने शासन प्रशासन में पारदर्शिता लाना होगा क्योंकि  तभी बेहतर प्रशासन की नींव पड़ेगी एवं पूरे अफ्रीका का विकास होगा.
11-वैश्विक संस्थाओं को अफ्रीका में रुचि लेनी होंगी तभी जाकर अफ्रीका में विकास का आधार बनेगा.

पूरे घटना क्रम में एक बात एकदम स्पष्ट है कि चीन, भारत, पूरा यूरोप, अमेरिका, कनाडा, आस्ट्रेलिया को भी अफ्रीका के विकास में बड़ा योगदान देना होगा. अन्यथा विकास के दौड़ में अफ्रीका पीछे छूट जायेगा. जिससे मानवता की बड़ी हानि होंगी. संयुक्त राष्ट्र संघ एवं अमेरिका, जापान, चीन, भारत  ने अफ्रीका के विकास में रुचि दिखाई है. लेकिन अभी बहुत कुछ किया जाना  अभी शेष है.

एशिया में लगभग सभी देशों में कुछ कम कुछ अधिक गरीबी हर देश में उपस्थित है. लेकिन भूखमरी जैसी बात एशिया में लगभग समाप्त होने वाली है.  दोस्तों मै भारत से आता हूँ हो सकता है मेरा आंकलन सही नहीं हो. मै यह दावे के साथ कह सकता हूँ यदि भारत में आज की बात करे तो अनेक कल्याणकारी योजना मौजूद है जो भूखमरी को रोकती है. यदि हम 2019 की बात करें  तो एक आम भारतीय 2घंटा काम करें तो वह भूख से नहीं मरेगा. दोस्तों यह मेरा निजी अध्धयन है. इस तथ्य का मेरे पास कोई वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है.

कभी यूरोप, अमेरिका, कनाडा, आस्ट्रेलिया, के पास भी परेशानी थी. अपने उचित कौशल एवं प्रबंधन के बल पर ये देश आज पूरे संसार में चोटी के देश है. दूसरे शब्दों में कहे कि ये देश दुनिया के विकास का इंजन बने हुए है. दोस्तों हमारे अनेक दोस्तों ने मेल किया कि आप यूरोप और अमेरिकी विचारधारा को बढ़ावा दे रहे है. मै उनको कहना चाहता हूँ कि मै विश्व मानवता के चेन की एक कड़ी हूँ. मेरे इस तथ्य पर मेरे दोस्त विचार करें. क्यों यूरोप और अमेरिका के तरफ दुनिया के देश आशाभरी नजरों से देख रहे है. हमारे अपने भारत के संविधान में क्यों जापान, अमेरिका, ब्रिटेन, आस्ट्रेलिया, रूस, दक्षिण अफ्रीका, आयरलैंड, जर्मनी, फ्रांस, के देशों के तथ्य लिये गये. जिसका सीधा उत्तर है उस समय इन्हीं देशों के पास क़ानून से जुड़े बेहतरीन तथ्य थे. इसलिये इन देशों का सहयोग लिया गया. ठीक ऐसी ही जरूरत आज अफ्रीका को दुनिया के देशों की है. ताकि अफ्रीका के देशों का उचित और वैज्ञानिक रूप से विकास हो सके. दुनिया के साथ अफ्रीका भी कदम मिलाकर चल सके.

दोस्तों कमेन्ट और शेयर जरूर करें. थैंक्स.

Adesh Kumar Singh
Adesh Kumar Singh
I am adesh kumar singh, my education post graduate in sociology. My life target? What is the gole of life. My blogs www. thesocialduty.Com, my research only social issu, My phone nu mber-9795205824,my email-adeshkumarsingh93@gmail. com
http://www.thesocialduty.com

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *