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Factories and society.

Factories and society.


1688ई  के बाद दुनिया में बहुत कुछ बदलाव हुआ. इस परिवर्तन ने पूरी दुनिया पर प्रभाव  छोड़ा. आने वाला समय इससे जुड़कर आगे बढ़ा. जब कारखाने से उत्पादन शुरू हुआ तो पूरे संसार में मानव की क्षमता निखर कर सामने आयी. कारखाना पद्धति ने मानव के जीवन को बदल कर रख दिया. पूँजीपति व्यवस्था का जन्म हुआ. क्योंकि उद्योग का जन्म स्थान यूरोप था इसलिये यूरोप को वैज्ञानिक तरीके से ज्यादा लाभ हुआ.

यूरोप नये विचारों का जन्म स्थान है. यूरोप के लोगो ने सर्वप्रथम उद्योग के महत्व को समझा, उसे अपने विकास से जोड़ा. जिससे यूरोप के लोगों का जीवन स्तर काफी सुधरा. उद्योग के जन्म से ही कई नयी परेशानी का जन्म हो गया. यदि कहा जाय तो जो परम्परा गत व्यवस्था थी वह टूट चुकी थी, नयी व्यवस्था जन्म ले रही थी.

यूरोप के लोगों में जो सबसे खास गुण थे कि वे समय के साथ चलने के लिये अपने आप को तैयार किये. जिससे पूरे यूरोप में तेजी से विकास हुआ. यूरोप ने पूरे संसार को विकास का एक मॉडल दिया. यह भी हो सकता है कि यह मॉडल पूरे संसार  के लिये सही नहीं हो पर आज हम देखें रूस, चीन, उत्तर कोरिया को यदि छोड़ दे तो पूरे संसार में यूरोप के विकास का मॉडल ही काम कर रहा है. हमें यह वात ध्यान रखना चाहिये कि बेहतर चीजें कहीं से भी मिले उसे लेकर आगे बढ़ने का प्रयास करना चाहिये. यही सबसे बड़ा  सच है.

व्यापार भावना से नहीं चलता है. व्यापार के लिये भावना को अलग रखना चाहिये. व्यापार एक प्रक्रिया है जो धीरे धीरे पूरा होता है. भावना हमें रचनात्मक कार्य करना सिखाती है, जबकि उद्योग हमें केवल लाभ कैसे प्राप्त इसे ही सिखाता है.

आज का पूँजीवादी व्यवस्था भी कल्याण कारी पूँजीवाद बन कर लोगों के जीवन में उम्मीद जगा रहा है. दुनिया के अधिकांश देश कल्याण कारी पूँजीवाद पर चल रहे है. उन देशों का विकास भी बहुत तेजी से हो रहा है.

कल कारखाना परम्परा गत व्यवस्था को समाप्त कर नयी व्यवस्था को जन्म  देने में सफल रहा. इससे पूरी दुनिया को फायदा पंहुचा. आधुनिक दुनिया बिना उद्योग के नहीं चल सकती है. क्योंकि इंसान की जरूरत बहुत तेजी से बढ़ रही है और बदल भी रही है. यदि अधिक उत्पादन नहीं होगा तो लोगों की आवश्यकता पूरी नहीं हो पायेगी. जिससे अनेको  देशों में संकट बढ़ जायेगा.

हम सब आज की दुनिया से ताल मेल बनाकर चले तभी एक बेहतर समाज का निर्माण कर पाएंगे.
दोस्तों कमेंट और शेयर जरूर करें. थैंक्स

Adesh Kumar Singh
Adesh Kumar Singh
I am adesh kumar singh, my education post graduate in sociology. My life target? What is the gole of life. My blogs www. thesocialduty.Com, my research only social issu, My phone nu mber-9795205824,my email-adeshkumarsingh93@gmail. com
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